डबल मर्डर का आरोपी अफसर खान पुलिस मुठभेड़ में ढेर, दो सिपाही भी घायल

डबल मर्डर का आरोपी अफसर खान पुलिस मुठभेड़ में ढेर, दो सिपाही भी घायल

उत्तर प्रदेश के बरेली में सास और साले की हत्या करने वाला आरोपी अफसर खान पुलिस मुठभेड़ में मारा गया। पुलिस के मुताबिक मंगलवार सुबह इज्जतनगर इलाके में हुई मुठभेड़ के दौरान आरोपी को गोली लगी, जिसके बाद अस्पताल में उसकी मौत हो गई।

बरेली के एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि सोमवार को हुए दोहरे हत्याकांड के बाद आरोपी की तलाश में पुलिस की तीन टीमें लगाई गई थीं। मंगलवार सुबह करीब छह बजे इज्जतनगर क्षेत्र में पुलिस ने अफसर खान को घेर लिया। इस दौरान आरोपी ने पुलिस टीम पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस की जवाबी कार्रवाई में अफसर खान को गोली लगी। घायल हालत में उसे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। मौके से एक पिस्टल और हत्या में इस्तेमाल किया गया चाकू बरामद हुआ है। घटनास्थल से दस खोखे भी मिले हैं, जिससे साफ है कि आरोपी ने पुलिस पर लगातार फायरिंग की थी। मुठभेड़ में दो पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं, जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।

दरअसल, सोमवार को रहपुरा चौधरी गांव में पारिवारिक विवाद को लेकर पंचायत चल रही थी। इसी दौरान 38 वर्षीय अफसर खान ने अपनी सास आसमां (50), साले आदिल (22) और पत्नी सायमा (30) पर चाकू से हमला कर दिया। इस हमले में आसमां और आदिल की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि पत्नी सायमा गंभीर रूप से घायल है और उसकी हालत नाजुक बताई जा रही है। वारदात के बाद आरोपी खून से सना चाकू लहराते हुए एयरपोर्ट की ओर भाग गया था। पुलिस उसकी तलाश में लगातार दबिश दे रही थी। आखिरकार मंगलवार तड़के हुई मुठभेड़ में पुलिस ने आरोपी को मार गिराया। ई-रिक्शा/एंबुलेंस चालक अफसर खां ने वर्ष 2017 में चचेरी बहन सायमा (30) से प्रेम विवाह किया था।

उनके दो बच्चे फैज (8) और आइशा (5) भी हैं। सायमा की बहन शिफा और अनम के मुताबिक, घर खर्च को लेकर अफसर और सायमा के बीच अक्सर विवाद होता था। अफसर नशे का लती है। वह आए दिन सायमा को पीटता था। शनिवार शाम को भी उसने विवाद किया था। तब आसमां (50) बेटी सायमा को बुलाने उसके घर गई थीं। वहां अफसर ने आसमां के साथ मारपीट की थी। रविवार सुबह सायमा ने 112 पर कॉल करके पुलिस बुला ली थी। पुलिस ने घर से कपड़े आदि कुछ सामान दिलाकर थाने में तहरीर देने की बात कही और चली गई। 
शिफा और अनम के मुताबिक, रविवार शाम को ही सायमा ने इज्जतनगर थाने में पति से जान का खतरा बताते हुए तहरीर दी थी, लेकिन पुलिस ने कोई कार्रवाई नहीं की। इसके बाद अफसर के कहने पर सोमवार दोपहर एक बजे मोहल्ले के ही सराफा कारोबारी राशिद खां के घर पंचायत बुलाई गई। इसमें सायमा, आसमां और आदिल पहुंचे। राशिद के घर पर उनका रिश्तेदार बबलू और मोहल्ले के तीन-चार अन्य लोग भी मौजूद थे।