प्रतिदिन 7 घंटे की अवधि पूरी नहीं करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश, अब इसी आधार पर मिलेगा प्रशस्ति पत्र

कलेक्टर अभिजीत सिंह की सख्ती, पंचायत सचिवों और पटवारियों के लिए भी बायोमेट्रिक व्यवस्था होगी लागू, जनप्रतिनिधियों को मिलेगी शासकीय ई-मेल आईडी

प्रतिदिन 7 घंटे की अवधि पूरी नहीं करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश, अब इसी आधार पर मिलेगा प्रशस्ति पत्र

दुर्ग। कलेक्टर अभिजीत सिंह ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित समय-सीमा की बैठक में विभागीय कार्यों की समीक्षा करते हुए अधिकारियों और कर्मचारियों को समयबद्ध एवं पारदर्शी कार्यप्रणाली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने बायोमेट्रिक उपस्थिति में प्रतिदिन 7 घंटे की अवधि पूरी नहीं करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। साथ ही स्वतंत्रता दिवस में उत्कृष्ट कार्य करने वाले अधिकारी-कर्मचारियों को दिए जाने वाले प्रशस्ति पत्र के चयन में भी बायोमेट्रिक उपस्थिति को आधार बनाने को कहा।
       कलेक्टर श्री सिंह ने ग्राम पंचायत सचिवों एवं पटवारियों के लिए भी बायोमेट्रिक उपस्थिति व्यवस्था लागू करने के निर्देश देते हुए संबंधित तहसीलदारों से आवश्यक लोकेशन उपलब्ध कराने को कहा। जिला चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को चिकित्सकों की रोस्टर ड्यूटी ई-ऑफिस के माध्यम से जारी करने के निर्देश भी दिए। समीक्षा के दौरान जानकारी दी गई कि जनप्रतिनिधियों को भी शासकीय ई-मेल आईडी उपलब्ध कराई जाएगी। नगर निगमों के महापौर, नगर पालिका एवं नगर पंचायतों के अध्यक्ष-उपाध्यक्ष, ग्राम पंचायतों के सरपंच-सचिव तथा पार्षदों को सरकारी ई-मेल आईडी प्रदान कर शासकीय फाइलों का डिजिटल माध्यम से त्वरित संचालन सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने सभी विभागों के संविदा एवं प्लेसमेंट कर्मचारियों का आई-गॉट कर्मयोगी पोर्टल पर शत-प्रतिशत पंजीयन एवं ऑनबोर्डिंग कराने के निर्देश भी दिए गए। कलेक्टर ने आयुष्मान कार्ड अभियान की समीक्षा करते हुए ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में विशेष शिविरों के माध्यम से शत-प्रतिशत पात्र हितग्राहियों के कार्ड बनाने के निर्देश दिए। बैठक में बताया गया कि ग्रामीण क्षेत्रों में अब तक 1300 आयुष्मान कार्ड बनाए जा चुके हैं। उन्होंने दवाइयों की उपलब्धता, जलजनित रोगों की रोकथाम, मच्छर नियंत्रण के लिए नियमित फॉगिंग एवं छिड़काव तथा सभी विभागों के लंबित बिजली बिलों का शीघ्र भुगतान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने ट्रेजरी अधिकारी को विभागवार बिजली बिल मद में उपलब्ध बजट की सूची तैयार करने को भी कहा।

        बैठक में पट्टाधारी सर्वे की प्रगति, शासकीय स्कूलों में बायोमेट्रिक अपडेट शिविर, निजी स्कूलों में प्रवेश प्रक्रिया के बाद विशेष शिविर आयोजित करने, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं के रिक्त पदों पर भर्ती प्रक्रिया शीघ्र पूर्ण करने तथा खाद की उपलब्धता की समीक्षा भी की गई। कलेक्टर ने विधानसभा प्रश्नों का समय-सीमा में प्राथमिकता के साथ जवाब प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। कलेक्टर श्री सिंह ने सीएम हेल्पलाइन, जनदर्शन और पीजीएन पोर्टल पर लंबित आवेदनों की विभागवार समीक्षा करते हुए सभी प्रकरणों का शीघ्र निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यदि कोई आवेदन संबंधित विभाग का नहीं है तो फीडबैक में लिख दे की यह आवेदन इस विभाग से संबंधित नही है, ताकि आवेदक संबंधित विभाग में फिर से आवेदन कर सके। उन्होंने जनदर्शन में दो माह से लंबित 96 आवेदनों का भी शीघ्र निराकरण करने के निर्देश दिए गए। बैठक में ग्राम पंचायतों के नामांतरण एवं बंटवारा प्रकरणों में तेजी लाने, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत भर्ती प्रक्रिया शीघ्र पूरी करने तथा नगरीय निकायों को जनगणना कार्य में लगे अधिकारी-कर्मचारियों की सूची उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए गए, ताकि उन्हें समय पर मानदेय का भुगतान किया जा सके। बैठक में वनमण्डाधिकारी दीपेश कपिल, जिला पंचायत सीईओ बजरंग दुबे, अपर कलेक्टर वीरेन्द्र सिंह, अपर कलेक्टर योगिता देवांगन, नगर निगम दुर्ग आयुक्त सुमीत अग्रवाल, नगर निगम रिसाली आयुक्त मोनिका वर्मा, नगर निगम भिलाई आयुक्त राजीव पाण्डेय, अपर कलेक्टर सिल्ली थॉमस, एसडीएम हरवंश मिरी, एसडीएम सोनल डेविड, लवकेश ध्रुव, डिप्टी कलेक्टर उत्तम ध्रुव सहित समस्त विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।