कलेक्टर ने अपूर्ण कार्यों का भौतिक सत्यापन कर शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश

दुर्ग। कलेक्टर अभिजित सिंह की अध्यक्षता में कलेक्टर सभा कक्ष, दुर्ग में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) डीएलसी बैठक अंतर्गत संचालित निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत दुर्ग, समस्त क्रियान्वयन एजेंसियों के प्रतिनिधि तथा जनपद पंचायतों के मुख्य कार्यपालन अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक में जिले में संचालित विभिन्न निर्माण कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर श्री सिंह ने निर्देशित करते हुए कहा कि अपूर्ण कार्यों का तकनीकी अधिकारियों द्वारा स्थल पर भौतिक सत्यापन किया जाए तथा उन्हें प्राथमिकता के साथ शीघ्र पूर्ण कराया जाए। उन्होंने विशेष रूप से वृक्षारोपण, नहर निर्माण एवं मरम्मत, गाद निकासी तथा जल संरक्षण से संबंधित कार्यों पर ध्यान केंद्रित करने के निर्देश दिए। साथ ही, सभी निर्माण कार्यों की नियमित निगरानी सुनिश्चित करते हुए लंबित कार्यों को समय-सीमा में पूर्ण करने हेतु आवश्यक कार्यवाही करने को कहा गया।

ग्राम पंचायत स्तर पर लापरवाही पर वसूली कार्यवाही के निर्देश
कलेक्टर श्री सिंह ने निर्देशित किया कि मनरेगा अंतर्गत लगभग 30 प्रतिशत अपूर्ण निर्माण कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र पूर्ण किया जाए। यदि किसी ग्राम पंचायत स्तर पर कार्यों में रुचि नहीं ली जा रही है, तो शासन के निर्देशानुसार वसूली की कार्यवाही हेतु प्रकरण प्रस्तुत किया जाए। साथ ही प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत 90 दिवस का रोजगार पूर्ण करते हुए आवास निर्माण को भी शीघ्र पूर्ण कराने के निर्देश दिए गए। उन्होंने यह भी कहा कि मनरेगा के तहत रोजगारमूलक कार्यों को मांग के आधार पर प्राथमिकता देते हुए शीघ्र प्रारंभ किया जाए, ताकि अधिक से अधिक ग्रामीणों को रोजगार उपलब्ध हो सके।

इसके अतिरिक्त, ग्राम पंचायतों में “नवा तरिया”, अमृत सरोवर एवं अन्य जल संरक्षण कार्यों के प्रस्ताव तैयार कर स्वीकृति हेतु प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। सभी संबंधित अधिकारियों को समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य पूर्ण करने तथा विशेष रूप से जल संरक्षण एवं वृक्षारोपण कार्यों में गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। मनरेगा अंतर्गत एनआरईजीएसॉफ्ट में दर्ज अधूरे एवं लंबित कार्यों को लेकर भी गंभीरता व्यक्त की गई। निर्देश दिए गए कि ग्राम सभा के सत्यापन एवं विचार-विमर्श के बाद ऐसे कार्यों का समयबद्ध पूर्णता अथवा तर्कसंगत समापन सुनिश्चित किया जाए, जिससे योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन हो सके। लंबित कार्यों के सत्यापन व समापन हेतु विशेष अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। साथ ही, नए कार्य प्रारंभ करने से पूर्व चल रहे कार्यों को प्राथमिकता से पूरा करने पर बल दिया गया। जिन कार्यों में भौतिक प्रगति पूर्ण हो चुकी है, उन्हें शीघ्र पूर्ण कर एनआरईजीएसॉफ्ट में अद्यतन करने के निर्देश दिए गए हैं।
