करोड़पति बहू ने कराई ससुर की हत्या, 6 लाख में दी सुपारी
सीसी कैमरे और पाई-पाई के हिसाब से नाराज थी बहू, दो सुपारी किलर ने चाकू से किए 26 से ज्यादा वार; बेटे पर भी साजिश में शामिल होने का आरोप

कानपुर। इंदिरानगर स्थित रतन ऑर्बिट अपार्टमेंट में दवा कारोबारी विनीत मिनोचा की नृशंस हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। पुलिस ने कारोबारी की बहू शालू को भी गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, शालू ने कथित तौर पर अपने पूर्व कर्मचारी विशाल को ससुर की हत्या की सुपारी दी थी। इसके लिए छह लाख रुपये में सौदा तय होने की बात सामने आई है।
पुलिस के अनुसार, शालू अपने ससुर विनीत से नाराज थी। घर में सीसी कैमरे लगाए जाने और पाई-पाई का हिसाब लिए जाने को लेकर उसके मन में नाराजगी थी। आरोप है कि इसी वजह से उसने पूर्व कर्मचारी विशाल और उसके साथी राजकिशोर के साथ मिलकर हत्या की साजिश रची। पुलिस का दावा है कि शालू ने विशाल से कहा था कि जब विनीत अपने कमरे में सो जाएं तो तकिए से उनका मुंह दबाकर हत्या कर देना। इसके बाद शालू और उसका पति सुब्रत घर लौटकर हार्ट अटैक से मौत होने की कहानी बताकर लोगों को गुमराह करने वाले थे। हालांकि, हत्या की साजिश के दौरान दोनों आरोपी एक बड़ी गलती कर बैठे। पुलिस के मुताबिक, विशाल और राजकिशोर दंपती के बेडरूम में दरवाजे के पीछे छिपे थे। ऑटोमेटिक लॉक सिस्टम के कारण दरवाजा पूरी तरह बंद नहीं हो सका।
विनीत जब अपने कमरे की ओर जाने लगे तो उनकी नजर बेटे के कमरे के अधखुले दरवाजे और अंदर जल रही लाइट पर पड़ी। लाइट बंद करने के लिए जैसे ही वह कमरे में पहुंचे, उनका सामना दोनों आरोपियों से हो गया। पुलिस के मुताबिक, इसके बाद विशाल ने चाकू से विनीत पर ताबड़तोड़ हमला कर दिया, जबकि राजकिशोर ने उन्हें पकड़ रखा था। कारोबारी के शरीर पर 26 से ज्यादा वार किए गए। घटना के वक्त विनीत फ्लैट में अकेले थे। रविवार सुबह करीब चार बजे उनका बेटा सुब्रत, बहू शालू और उनका बच्चा पार्टी से वापस लौटे। इसके बाद हत्या की जानकारी सामने आई। पुलिस के मुताबिक, वारदात के बाद शालू ने घटना को भटकाने के लिए गार्ड को विशाल का बदला हुआ नाम बताया था। पुलिस का दावा है कि बुके देने के करीब 10 से 15 मिनट बाद शालू और सुब्रत अपने बच्चे के साथ पार्टी के लिए निकल गए थे। इसी दौरान दोनों आरोपी भी वहां से निकल गए। पुलिस ने हत्या की साजिश में कारोबारी के बेटे सुब्रत के भी शामिल होने का दावा किया है। हालांकि, अभी उसकी गिरफ्तारी नहीं हुई है। वहीं शालू ने पुलिस के सामने अब तक अपना जुर्म कबूल नहीं किया है। शालू, विशाल और राजकिशोर को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से तीनों को जेल भेज दिया गया।
