स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल जांच के घेरे में, सुरक्षा मानकों के उल्लंघन की आशंका, PESO ने SSP और कलेक्टर को दिए जांच के कड़े निर्देश, पढ़िए क्या है पूरा मामला

भिलाई। कांट्रेक्टर कालोनी भिलाई स्थित 100 बिस्तर स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल के बेसमेंट में संचालित ऑक्सीजन प्लांट और मैनीफोल्ड रूम अब कानूनी जांच के घेरे में है। पेट्रोलियम एवं विस्फोटक सुरक्षा संगठन (पेसो) ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक दुर्ग को विस्तृत जांच के कड़े निर्देश जारी किए हैं।

जानकारी के अनुसार शिकायत और शुरुआती इनपुट्स के आधार पर यह पाया गया है कि हॉस्पिटल के बेसमेंट में ऑक्सीजन प्लांट का संचालन गैस सिलेंडर नियम और सुरक्षा मानकों के विरुद्ध हो सकता है। PESO द्वारा इस हॉस्पिटल में विशेष रूप से नियमों के उल्लंघन की आशंका जताई गई है। PESO द्वारा जारी पत्र में एसएमपीवी (यू) नियम 2016 की नियम संख्या 3, 45, 46, 47, 49, 50, 51 एवं 22 के तहत ‘टेबल-6’ और लाइसेंस फॉर्म ‘एल एस 1 ए’ की शर्तों की अवहेलना की गई है।

स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल के ठीक बगल में शासकीय स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्र संचालित है। बेसमेंट जैसे बंद स्थान पर ऑक्सीजन प्लांट और मैनीफोल्ड रूम का होना किसी बड़े हादसे को न्यौता देने जैसा है। विस्फोट या लीकेज की स्थिति में अस्पताल में भर्ती मरीजों के साथ-साथ स्कूली बच्चों और स्थानीय निवासियों की जान को बड़ा खतरा हो सकता है। पेट्रोलियम एंड एक्सप्लोसिव सेफ्टी आर्गेनाइजेशन के निर्देश के बाद अब जिला प्रशासन और पुलिस विभाग अस्पताल प्रबंधन द्वारा प्रस्तुत दस्तावेजों और मौके की वस्तुस्थिति की जांच करेगा।

इससे पूर्व 4 फरवरी 2026 को कांट्रेक्टर कालोनी से लगी बस्ती वासियों ने स्पर्श मल्टीस्पेशलिटी हॉस्पिटल के आक्सीजन प्लांट संचालन को लेकर सवाल उठाए थे तथा कलेक्टर को हस्ताक्षरित शिकायत भी की थी।