बढ़े बिजली बिलों पर फूटा गुस्सा, रिसाली में स्मार्ट मीटर हटाने की मांग को लेकर प्रदर्शन
दुर्ग के रिसाली में आम आदमी पार्टी ने स्मार्ट मीटर और बढ़े बिजली बिलों के विरोध में बिजली विभाग कार्यालय का घेराव किया। प्रदर्शन में बड़ी संख्या में महिलाओं ने हिस्सा लिया। पार्टी ने सरकार को चार दिन का अल्टीमेटम देते हुए स्मार्ट मीटर हटाने और पुराने मीटर लगाने की मांग की।

भिलाई। छत्तीसगढ़ में स्मार्ट मीटर और बढ़ते बिजली बिलों को लेकर असंतोष अब सड़कों पर दिखाई देने लगा है। सोमवार को रिसाली स्थित छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड (CSPDCL) कार्यालय के बाहर आम आदमी पार्टी के नेतृत्व में बड़ी संख्या में महिलाओं और स्थानीय नागरिकों ने प्रदर्शन करते हुए कार्यालय का घेराव किया। प्रदर्शन का नेतृत्व पार्टी के प्रदेश संगठन मंत्री संजीत विश्वकर्मा और दुर्ग लोकसभा अध्यक्ष गीतेश्वरी बघेल ने किया।
प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि स्मार्ट मीटर लगाए जाने के बाद कई उपभोक्ताओं के बिजली बिलों में अचानक भारी वृद्धि हुई है। उन्होंने सरकार से स्मार्ट मीटर व्यवस्था पर तत्काल रोक लगाने, बढ़े हुए बिजली बिलों की समीक्षा कराने और जिन उपभोक्ताओं को परेशानी हो रही है, उनके यहां पुराने मीटर दोबारा लगाने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में महिलाओं ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि महंगाई के दौर में बढ़ते बिजली बिल उनके परिवार के बजट पर अतिरिक्त बोझ डाल रहे हैं। महिलाओं ने कहा कि "महतारी वंदन योजना की राशि से ज्यादा जरूरत बिजली बिल में राहत की है। सरकार स्थायी समाधान निकाले ताकि आम परिवारों को राहत मिल सके।"
प्रदेश संगठन मंत्री संजीत विश्वकर्मा ने आरोप लगाया कि जनता की सहमति के बिना स्मार्ट मीटर लगाए जा रहे हैं और इसके बाद कई उपभोक्ताओं को पहले की तुलना में दो से तीन गुना अधिक बिजली बिल मिल रहे हैं। उन्होंने कहा कि गरीब, मजदूर, किसान और मध्यमवर्गीय परिवार सबसे ज्यादा प्रभावित हो रहे हैं। उन्होंने राज्य सरकार और बिजली विभाग को चार दिन का अल्टीमेटम देते हुए चेतावनी दी कि यदि स्मार्ट मीटर नहीं हटाए गए और कथित तौर पर बढ़े हुए बिजली बिलों की समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो आम आदमी पार्टी पूरे प्रदेश में चरणबद्ध आंदोलन करेगी।
वहीं, दुर्ग लोकसभा अध्यक्ष गीतेश्वरी बघेल ने कहा कि बिजली एक मूलभूत आवश्यकता है और सरकार का उद्देश्य जनता को राहत देना होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि स्मार्ट मीटर और पीएम सूर्य योजना को लेकर सरकार की नीतियां आम उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त बोझ डाल रही हैं।
प्रदर्शन के बाद पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने बिजली विभाग के अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा। विभाग की ओर से एई जगतार सिंह भट्टी ने ज्ञापन प्राप्त करते हुए मांगों को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाने का आश्वासन दिया। इस प्रदर्शन में स्थानीय बिजली उपभोक्ताओं के साथ आम आदमी पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
