वीडियो कॉल रिकॉर्ड कर वायरल किया अश्लील वीडियो, यूपी से आरोपी गिरफ्तार

भिलाई। सोशल मीडिया के जरिए एक युवती की निजी जिंदगी को सार्वजनिक कर उसे मानसिक रूप से प्रताड़ित करने वाले आरोपी को खुर्सीपार पुलिस ने उत्तर प्रदेश से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने वीडियो कॉल के दौरान पीड़िता की जानकारी और सहमति के बिना उसका अश्लील वीडियो रिकॉर्ड किया और बाद में उसे व्हाट्सएप सहित सोशल मीडिया के माध्यम से पीड़िता के रिश्तेदारों तक भेज दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विशेष टीम गठित कर उत्तर प्रदेश के देवरिया में दबिश दी और आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायिक अभिरक्षा में भेज दिया।
पुलिस के अनुसार, 14 जुलाई 2026 को पीड़िता ने थाना खुर्सीपार पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि आरोपी मनीष साहनी ने वीडियो कॉल के दौरान उसकी जानकारी के बिना अश्लील वीडियो रिकॉर्ड कर लिया। इसके बाद आरोपी ने उसी वीडियो को पीड़िता के रिश्तेदारों के व्हाट्सएप पर भेज दिया और सोशल मीडिया पर भी प्रसारित कर उसकी निजता और सम्मान को ठेस पहुंचाई।

शिकायत के आधार पर थाना खुर्सीपार में अपराध क्रमांक 279/2026 दर्ज किया गया। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 79 तथा सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम की धारा 66E, 67 और 67A के तहत मामला कायम कर जांच शुरू की।
प्रकरण की संवेदनशीलता को देखते हुए खुर्सीपार पुलिस ने एक विशेष टीम गठित की। तकनीकी साक्ष्यों, मोबाइल लोकेशन और डिजिटल विश्लेषण के आधार पर आरोपी की तलाश करते हुए पुलिस उत्तर प्रदेश के देवरिया पहुंची। वहां आरोपी मनीष साहनी, उम्र 27 वर्ष, निवासी नया नगर, देवरिया को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया। अदालत ने आरोपी को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया।
पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में प्रयुक्त मोबाइल फोन भी जब्त किया है। अब मोबाइल की फोरेंसिक जांच और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर मामले की आगे की विवेचना की जा रही है। पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी ने वीडियो कॉल का दुरुपयोग करते हुए पीड़िता का निजी वीडियो रिकॉर्ड किया और फिर उसे रिश्तेदारों तक भेजकर सार्वजनिक रूप से बदनाम करने का प्रयास किया। यह न केवल साइबर अपराध है बल्कि किसी व्यक्ति की निजता का गंभीर उल्लंघन भी है।
दुर्ग पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म का जिम्मेदारीपूर्वक उपयोग करें। किसी भी व्यक्ति की निजी फोटो या वीडियो को उसकी अनुमति के बिना रिकॉर्ड करना, साझा करना या वायरल करना कानूनन अपराध है। ऐसी किसी भी घटना की जानकारी तुरंत निकटतम पुलिस थाना या साइबर हेल्पलाइन को दें। पुलिस ने स्पष्ट किया है कि साइबर अपराध करने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।