34 भैंसों की तस्करी का खुलासा, रघुनाथनगर पुलिस ने पांच आरोपियों को पकड़ा

34 भैंसों की तस्करी का खुलासा, रघुनाथनगर पुलिस ने पांच आरोपियों को पकड़ा

बलरामपुर-रामानुजगंज। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर जिले में मवेशी तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए रघुनाथनगर पुलिस ने पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 34 भैंसें जब्त की हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर ग्रामीणों से कम कीमत पर मवेशी खरीदकर उन्हें उत्तर प्रदेश की ओर ले जाने वाले तस्करी नेटवर्क से जुड़े थे। मामले में संगठित अपराध के नेटवर्क और अन्य संलिप्त लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है।

गश्त के दौरान मिली तस्करी की सूचना

पुलिस विज्ञप्ति के अनुसार, पुलिस अधीक्षक बलरामपुर एवं अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर जिले में पशु तस्करी के विरुद्ध विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में 16 सितंबर 2026 को रघुनाथनगर पुलिस गश्त कर रही थी। इस दौरान मुखबिर से सूचना मिली कि ग्राम केशारी क्षेत्र से कुछ लोग मवेशियों को अवैध रूप से पैदल उत्तर प्रदेश की ओर ले जा रहे हैं। सूचना पर पुलिस टीम ने ग्राम केशारी में घेराबंदी की। पुलिस को देखकर तस्करों ने भागने का प्रयास किया, लेकिन एक आरोपी दीपक सोनवानी को मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। उसके कब्जे से 34 भैंसें जब्त की गईं, जबकि अन्य आरोपी मौके से फरार हो गए थे।

जांच के दौरान चार अन्य आरोपी गिरफ्तार

पुलिस के मुताबिक, मामले की विवेचना और फरार आरोपियों की तलाश के दौरान अन्य संदिग्धों की पहचान हुई। इसके बाद वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देश पर पुलिस टीम ने अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर चार अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में एतुल्लाह अंसारी (37), जैबुल अंसारी (50), रमजान अंसारी (35), ईसाराज अहमद (33) और तस्लीम (27) शामिल हैं। सभी आरोपियों के विरुद्ध पशु तस्करी से संबंधित मामले में कार्रवाई की गई है।

अलग-अलग भूमिकाओं में काम करने का आरोप

पुलिस की प्रारंभिक जांच के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर पशु तस्करी के नेटवर्क में अलग-अलग भूमिकाएं निभाते थे। कुछ आरोपी ग्रामीण क्षेत्रों से कम कीमत पर भैंसें खरीदने और उन्हें आगे सौंपने का काम करते थे, जबकि अन्य पर मवेशियों को पैदल अंतरराज्यीय सीमा पार ले जाने तथा नेटवर्क के बड़े एजेंटों तक पहुंचाने में शामिल होने का आरोप है। पुलिस ने बताया कि इस मामले में अपराध क्रमांक 110/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की धारा 111(2), छत्तीसगढ़ कृषक पशु परिरक्षण अधिनियम, 2004 की धारा 4, 6 और 10 तथा पशु क्रूरता निवारण अधिनियम, 1960 की धारा 11(1)(घ) के तहत प्रकरण दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों के खिलाफ आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। मवेशी तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और उनकी भूमिका की जांच जारी है।