अबूझमाड़ में सुरक्षा का घेरा मजबूत, नारायणपुर पुलिस ने बोटेर में खोला नया कैंप

अबूझमाड़ में सुरक्षा का घेरा मजबूत, नारायणपुर पुलिस ने बोटेर में खोला नया कैंप

छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में नक्सल प्रभावित अबूझमाड़ इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस ने एक और नया कैंप स्थापित किया है। “शांतिपूर्ण और समृद्ध नारायणपुर” के लक्ष्य के तहत नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2026 का छठवां सुरक्षा और जन सुविधा कैंप ग्राम बोटेर में खोला है। यह कैंप थाना ओरछा क्षेत्र के अंतर्गत घोर नक्सल प्रभावित माड़ इलाके में स्थापित किया गया है। पुलिस के “माड़ बचाओ अभियान” के तहत लगातार अंदरूनी इलाकों में कैंप खोलकर सुरक्षा के साथ-साथ विकास कार्यों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।

नए कैंप की स्थापना नारायणपुर पुलिस, डीआरजी, बस्तर फाइटर्स और आईटीबीपी की कई वाहिनियों के संयुक्त प्रयास से की गई है। इनमें आईटीबीपी की 38वीं, 44वीं, 41वीं, 45वीं, 53वीं और 29वीं वाहिनी शामिल हैं। पुलिस के अनुसार यह कैंप नक्सल विरोधी अभियानों को तेज करने के साथ ही कंदुलनार-ओरछा-एडजुम-इडवाया-आदेर-कुडमेल-बोटेर-दिवालूर-कुमनार मार्ग पर बन रही सड़क के निर्माण कार्य को सुरक्षा देने के लिए भी महत्वपूर्ण होगा।

बोटेर में कैंप खुलने से आसपास के गांव वेरकोटी, नीचेवारा, कुरकसा और गुंडेकोट में सड़क, पुल-पुलिया, शिक्षा, स्वास्थ्य और मोबाइल नेटवर्क जैसी सुविधाओं के विस्तार का रास्ता भी आसान होगा। यह क्षेत्र लंबे समय से मुख्यधारा से कटा हुआ था, लेकिन अब यहां से कुमनार से सोनपुर होते हुए भैरमगढ़ तक सड़क संपर्क बनने की संभावना है, जिससे ग्रामीणों को आवागमन और अन्य सुविधाओं का लाभ मिलेगा। गौरतलब है कि नारायणपुर पुलिस ने वर्ष 2025 में भी कई नक्सल प्रभावित इलाकों में नए सुरक्षा कैंप स्थापित किए थे। वहीं वर्ष 2026 में अब तक जटवर, वाड़ापेंदा, कुरसकोड़ो, हच्चेकोटी, आदनार और अब बोटेर में नए कैंप खोले जा चुके हैं।