मां पुस्तक भंडार का कारनामा, अवैध नाली निर्माण के लिए खोद दी 20 फीट लंबी सड़क, निगम का एक्शन, थाने में शिकायत

मां पुस्तक भंडार का कारनामा, अवैध नाली निर्माण के लिए खोद दी 20 फीट लंबी सड़क, निगम का एक्शन, थाने में शिकायत

भिलाई। वार्ड क्रमांक 17 रावणभाठा-सुपेला में सड़क की खुदाई को लेकर नगर निगम ने कार्रवाई की है। आरोप है कि मां पुस्तक भंडार के संचालकों ने शनिवार सुबह अवैध नाली निर्माण के लिए JCB से करीब 20 फीट सड़क खोद दी। सड़क खोदे जाने की सूचना मिलने पर नेता प्रतिपक्ष एवं वार्ड पार्षद भोजराज मौके पर पहुंचे और काम बंद कराने की बात कहते हुए मामले की जानकारी नगर निगम जोन-1 आयुक्त दिनेश कोसरिया को दी।

बताया गया कि जिस स्थान पर सड़क खोदी गई, वहां पहले से नाली मौजूद है। निगम अधिकारियों के अनुसार नई नाली बनाने के लिए नगर निगम से कोई अनुमति नहीं ली गई थी। इसके बावजूद सड़क की खुदाई किए जाने की सूचना के बाद निगम ने मामले को गंभीरता से लेते हुए मौके पर कार्रवाई की।

शाम को पहुंची निगम की टीम, JCB से भराई

शनिवार शाम करीब 4 बजे जोन-1 आयुक्त दिनेश कोसरिया निगम अमले के साथ मौके पर पहुंचे। टीम ने JCB की मदद से खोदी गई सड़क की दोबारा भराई कराई। निगम की ओर से संबंधित लोगों को शासकीय भूमि पर बिना अनुमति किसी भी प्रकार की खुदाई अथवा निर्माण नहीं करने की चेतावनी दी गई। कार्रवाई के दौरान निगम अधिकारियों और मां पुस्तक भंडार के संचालकों के बीच बहसबाजी होने की बात सामने आई। निगम अधिकारियों के अनुसार शासकीय भूमि पर अवैध रूप से खुदाई किए जाने के मामले में सुपेला थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है।

पहले भी जारी हो चुके हैं नोटिस

मां पुस्तक भंडार के सामने नाली पर कथित कब्जे को लेकर पहले भी शिकायतें की गई थीं। यह मामला मुख्यमंत्री के सुशासन तिहार के दौरान भी उठाया गया था। इसके अलावा नगर निगम में शिकायत के बाद जोन-1 की ओर से संबंधितों को कब्जा हटाने के लिए नोटिस जारी किए गए थे। जानकारी के अनुसार 7 मई 2025, 20 मई 2025 और 30 मई 2025 को नोटिस जारी किए गए। इसके बाद भी कार्रवाई नहीं होने की शिकायत मुख्यमंत्री सचिवालय तक पहुंची। मुख्यमंत्री सचिवालय के निर्देश के बाद दुर्ग कलेक्टर को मामले में कार्रवाई के लिए कहा गया था। इसके बाद 8 जुलाई 2026 को चौथी और अंतिम नोटिस जारी कर निर्धारित समय में कब्जा हटाने की चेतावनी दी गई थी।

14 जुलाई को भी हुई थी अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई

इस मामले में नगर निगम की टीम ने 14 जुलाई 2026 को पुलिस बल के साथ रावणभाठा पहुंचकर नाली और शासकीय भूमि पर किए गए कथित अतिक्रमण को हटाने की कार्रवाई की थी।